अमेरिका के टेक्सास राज्य के केरी काउंटी में 4 जुलाई को आई अचानक और भीषण बाढ़ ने पूरे क्षेत्र को झकझोर कर रख दिया। यह प्राकृतिक आपदा इतनी तीव्र थी कि महज कुछ घंटों में ग्वाडालूप नदी 25 फीट तक ऊपर उठ गई, जिससे केरी काउंटी के पास स्थित Camp Mystic नामक गर्ल्स समर कैंप पूरी तरह जलमग्न हो गया। यह कैंप एक चर्च-आधारित धार्मिक समर कैंप है, जहाँ उस समय करीब 750 किशोर लड़कियां मौजूद थीं। प्रशासन ने पुष्टि की है कि इस भयावह घटना में अब तक 24 लोगों की मौत हो चुकी है, जबकि कम से कम 23 लड़कियां अब भी लापता हैं।
बाढ़ इतनी तेजी से आई कि इलाके में किसी को संभलने का मौका ही नहीं मिला। स्थानीय अधिकारियों के अनुसार, सिर्फ आधे घंटे के अंदर ग्वाडालूप नदी का जलस्तर सामान्य से लगभग 25 फीट ऊपर चला गया, जिससे शिविर क्षेत्र पूरी तरह बह गया। चश्मदीदों का कहना है कि बाढ़ की गति इतनी भयंकर थी कि कई टेंट, वाहन और यहां तक कि लकड़ी के बने हॉल भी बह गए।
कैंप में लापता हुई लड़कियों की आयु 7 से 17 वर्ष के बीच बताई जा रही है। इनमें से अधिकतर डलास, ह्यूस्टन और सैन एंटोनियो जैसी जगहों से आई थीं। जिन नामों की पहचान सामने आई है, उनमें हेडली हन्ना, लायनी लैंड्री, एलोइस पेक, लिला बोनर, रेनी स्माजस्ट्रला, जानी हंट, केलीऐन लाइटल, वर्जिनिया हॉलीस और ग्रेटा टोरेन्जो जैसी किशोरियां शामिल हैं। अभी यह स्पष्ट नहीं हो सका है कि ये लड़कियां बाढ़ के पानी में बह गई हैं या किसी सुरक्षित स्थान पर फंसी हुई हैं। अधिकारियों का कहना है कि कई लड़कियां पेड़ों पर चढ़ गई होंगी या फिर पास के ऊँचे इलाकों में शरण लिए हो सकती हैं, जहां मोबाइल नेटवर्क या सैटेलाइट सिग्नल नहीं पहुंच पा रहे।
बचाव कार्य युद्ध स्तर पर जारी है। स्थानीय प्रशासन, फायर ब्रिगेड, नेशनल गार्ड और स्वयंसेवकों की कई टीमें मिलकर हेलिकॉप्टर और नौकाओं के जरिए खोज अभियान चला रही हैं। पास के अस्पतालों को अलर्ट पर रखा गया है और प्राथमिक चिकित्सा शिविर बनाए गए हैं। राज्यपाल ग्रेग एबॉट और लाइट गवर्नर डैन पैट्रिक ने घटना को “अत्यंत दुर्भाग्यपूर्ण और हृदयविदारक” बताया है और बचाव कार्यों में कोई कसर नहीं छोड़ने के आदेश दिए हैं।
मौसम विभाग ने चेतावनी जारी की है कि आने वाले कुछ दिनों तक और बारिश होने की संभावना है, जिससे स्थिति और भी बिगड़ सकती है। कई क्षेत्रों में पहले ही 6 से 12 इंच तक बारिश दर्ज हो चुकी है, और भविष्यवाणी की गई है कि यह सिलसिला अभी रुकेगा नहीं। प्रशासन ने सभी स्थानीय निवासियों से आग्रह किया है कि वे नदी किनारे न जाएं और उच्च भूमि की ओर स्थानांतरित हो जाएं।
यह हादसा अमेरिका में एक बार फिर फ्लैश फ्लड जैसी आपदाओं के प्रति सतर्कता की आवश्यकता को उजागर करता है। विशेषज्ञों का कहना है कि जलवायु परिवर्तन के चलते पिछले कुछ वर्षों में फ्लैश फ्लड की घटनाएं कई गुना बढ़ गई हैं, और इस प्रकार की अप्रत्याशित आपदाओं से बचने के लिए स्थानीय प्रशासन को और ज्यादा सक्रिय व सतर्क रहने की आवश्यकता है।
बाढ़ की इस घटना ने टेक्सास की जनता को गहरा सदमा दिया है। लापता लड़कियों के परिजन लगातार कैंप के बाहर डटे हुए हैं और किसी भी खबर की उम्मीद में हर गुजरती घड़ी के साथ और बेचैन होते जा रहे हैं। कई माता-पिता सोशल मीडिया के ज़रिए अपनी बेटियों की तस्वीरें साझा कर रहे हैं और लोगों से मदद की गुहार लगा रहे हैं।
स्थानीय नागरिकों ने राहत कार्यों में हाथ बढ़ाया है। कई चर्चों और सामाजिक संगठनों ने खाने-पीने की सामग्री, कपड़े और अन्य जरूरी सामान भेजना शुरू कर दिया है। वहीं, राज्य और केंद्र सरकार ने वित्तीय सहायता देने का आश्वासन भी दिया है। मनोवैज्ञानिक सहायता केंद्र भी स्थापित किए गए हैं ताकि प्रभावित बच्चों और उनके परिजनों को मानसिक सहारा मिल सके।
इस दुर्घटना ने पूरे देश में चिंता का माहौल बना दिया है। खासकर अभिभावकों के बीच समर कैंप की सुरक्षा व्यवस्थाओं पर सवाल उठने लगे हैं। विशेषज्ञों का मानना है कि अब समय आ गया है जब मौसम पूर्वानुमान और सुरक्षा उपकरणों को समर कैंप्स की मानक व्यवस्था में शामिल किया जाए।
निष्कर्ष
टेक्सास की यह त्रासदी न केवल प्रकृति की भयावहता को दर्शाती है, बल्कि यह भी बताती है कि ऐसे हादसों के लिए हमारी तैयारी कितनी अपर्याप्त है। 24 लोगों की मौत और दर्जनों बच्चियों का लापता होना किसी भी समाज के लिए एक बड़ा सदमा है। यह ज़रूरी है कि प्रशासन ऐसी आपदाओं के लिए और अधिक मुस्तैद रहे, समर कैंप्स की सुरक्षा सुनिश्चित की जाए और भविष्य में इस तरह की घटनाओं को रोकने के लिए ठोस कदम उठाए जाएं। फिलहाल, पूरे टेक्सास और अमेरिका की प्रार्थनाएं उन लापता बच्चियों के सही-सलामत मिलने की आशा में लगी हैं।





